
रायगढ़।शहर में आई तेज आंधी ने एक बार फिर रिहायशी इलाकों में लगे ऊंचे स्ट्रक्चरों की सुरक्षा पर सोचने को मजबूर कर दिया है। सुभाष चौक पर तेज हवाओं के कारण एक भारी लोहे का होर्डिंग बैनर गिर गया। सौभाग्य से रात का समय होने के कारण कोई जनहानि नहीं हुई, लेकिन इस घटना ने बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं।
शहर वालों के लिए सुभाष चौक होर्डिंग हादसा एक बड़ा संकेत…

सुभाष चौक जैसा व्यस्त इलाका अगर दिन में इस हादसे का शिकार होता तो इसकी स्थिति गंभीर और बड़ी हो सकती थी। यह घटना बताती है कि तेज हवाओं के दौरान शहर में लगे ऊंचे और भारी विज्ञापन के ढांचे जोखिम बन सकते हैं। इसी चिंता के बीच शहर के कई रिहायशी इलाकों, जैसे दानीपारा लाल टंकी मार्ग, में वर्षो से लगे मोबाइल टावरों को लेकर भी लोगों में चर्चाए हो रही है।जहां कुछ स्थानों पर एक साथ दो-तीन टावर लगे हैं।
प्रशासन की तरफ से कड़ी सुरक्षा और जांच की जरूरत….
बारिश और आंधी का मौसम अब शुरू हो चुका है। ऐसे में यह जरूरी हो जाता है कि प्रशासन एहतियात के तौर पर सभी मोबाइल टावरों की मजबूती की जांच कराए। विशेष रूप से वे टावर जो पुराने हैं या बहुत घनी बस्तियों के बीच स्थित हैं। यह सुनिश्चित करना जरूरी है कि सभी टावर निर्माण के सभी तय मानकों, जैसे फाउंडेशन की मजबूती और विंड लोड क्षमता, के अनुरूप हों।
नगर निगम और जिला प्रशासन से सकारात्मक कदम की अपेक्षा…
नगर निगम और जिला प्रशासन से नागरिकों की अपेक्षा है कि वे इस विषय पर जल्द ही संज्ञान लें। समय पर किया गया स्ट्रक्चरल ऑडिट और जरूरी रखरखाव किसी भी संभावित अप्रिय घटना को रोक सकता है। सुभाष चौक जैसी उक्त घटना से सबक लेते हुए यदि अभी सतर्कता बरती जाए तो भविष्य में बड़े नुकसान से बचा जा सकता है।
जन सुरक्षा सबसे ऊपर है साहब …
उम्मीद है कि संबंधित विभाग इस मामले में जल्द से जल्द उचित कदम उठाएंगे ताकि शहर के नागरिक खुद को सुरक्षित महसूस कर सकें।




